प्याज़ की खेती करने के लिए खेत की तैयारी करनी होती है और फिर बीज बोने होते हैं.
अगर आप प्याज की खेती (Onion Farming) के बारे में हिंदी में जानकारी चाहते हैं, तो यहाँ एक संक्षिप्त गाइड है:
1. जलवायु और मिट्टी
प्याज की खेती के लिए हल्की दोमट (loamy) मिट्टी अच्छी मानी जाती है।
मिट्टी का pH स्तर 6.5 से 7.5 के बीच होना चाहिए।
प्याज के लिए ठंडी और शुष्क जलवायु अच्छी रहती है।
2. उपयुक्त किस्में
रबी सीजन: NHRDF Red, Agrifound Light Red, Bhima Shakti
खरीफ सीजन: N-53, Baswant 780, Bhima Super
ग्रीष्मकालीन प्याज: Agrifound Dark Red, Bhima Red
3. बुवाई का समय
रबी प्याज: अक्टूबर-नवंबर
खरीफ प्याज: जून-जुलाई
ग्रीष्म प्याज: दिसंबर-जनवरी
4. बीज दर और रोपाई
1 हेक्टेयर के लिए 8-10 किलोग्राम बीज की आवश्यकता होती है।
पौधों की रोपाई 10-15 सेमी की दूरी पर करनी चाहिए।
5. उर्वरक और सिंचाई
नाइट्रोजन, फॉस्फोरस और पोटाश की संतुलित मात्रा आवश्यक है।
ड्रिप इरिगेशन (टपक सिंचाई) बेहतर रहती है।
10-15 दिन के अंतराल पर सिंचाई करें।
6. प्रमुख रोग और कीट
थ्रिप्स और सफेद मक्खी – नीम का तेल या अनुशंसित कीटनाशक छिड़कें।
बैंगनी धब्बा रोग – कॉपर ऑक्सीक्लोराइड का छिड़काव करें।
7. कटाई और भंडारण
जब प्याज के पत्ते पीले होकर गिरने लगें, तो खुदाई करें।
2-3 हफ्ते तक सुखाने के बाद भंडारण करें।